कलेक्टर श्री बालागुरू के. की अध्यक्षता में जिला पंचायत सभाकक्ष में टीएल बैठक आयोजित की गई। बैठक में उन्होंने सभी विभागों के समय-सीमा वाले प्रकरणों और सीएम हेल्पलाइन में लंबित प्रकरणों की समीक्षा की और समय सीमा के भीतर सभी प्रकरणों का संतुष्टिपूर्ण निराकरण करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सेवानिवृत्त होने वाले शासकीय कर्मचारियों की सभी विभागीय सेवानिवृत्ति संबंधी कार्यवाही समय-सीमा में पूरी करते हुए उनके समस्त स्वत्वों एवं देयकों का भुगतान पूरी तत्परता से सुनिश्चित किया जाए। सेवानिवृत्ति से संबंधित किसी भी कार्रवाई में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि सेवानिवृत्ति की प्रक्रिया में मानवीय दृष्टिकोण अपनाएं। ये कर्मचारी वर्षों तक शासन की सेवा करते हैं, इसलिए उनके सम्मान और अधिकारों का पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को यह भी स्मरण कराया कि प्रत्येक शासकीय सेवक को एक दिन सेवा से सेवानिवृत्त होना है, इसलिए इस कार्य को संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ प्राथमिकता देते हुए समय पर पूरा करें।
कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने टीएल बैठक में सभी विभागों के अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि सेवानिवृत्त होने वाले अधिकारी-कर्मचारियों तथा विभिन्न शासकीय योजनाओं के हितग्राहियों के बैंक खातों का सत्यापन बैंक पासबुक के आधार पर स्वयं करें। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार के भुगतान अथवा राशि अंतरण से पहले बैंक खाते की जानकारी का भौतिक सत्यापन किया जाए। बैंक पासबुक से सत्यापन करने पर किसी भी प्रकार की त्रुटि या गड़बड़ी की संभावना नहीं रहेगी तथा संबंधित राशि सीधे वास्तविक हितग्राही के बैंक खाते में ही अंतरित होगी। बैठक मे जिला पंचायत सीईओ श्रीमती सर्जना यादव, संयुक्त कलेक्टर श्री रविंद्र परमार, एसडीएम श्री तन्मय वर्मा, श्रीमती स्वाति मिश्रा सहित सभी विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित थे।
संभावित दुर्घटनाओं को रोकने के लिये जर्जर मकानों को गिराने निर्देश
बैठक में कलेक्टर ने वर्षाकालीन आपदा प्रबंधन की तैयारियों की समीक्षा करते हुए सभी एसडीएम एवं मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को निर्देश दिए कि दुर्घटनाओं की आशंका को देखते हुए चिन्हित सभी जर्जर मकानों को तत्काल गिराने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जनहानि रोकना सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसलिए जोखिम वाले भवनों के संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि बाढ़, अतिवृष्टि, प्राकृतिक आपदाओं एवं अन्य दुर्घटनाओं से प्रभावित व्यक्तियों को आर्थिक सहायता प्रदान करने की कार्रवाई भी पूरी तत्परता से की जाए। उन्होंने कहा कि राहत प्रकरणों का शीघ्र निराकरण कर पीड़ित व्यक्ति या उनके परिजनों तक समय पर सहायता राशि पहुंचाई जाए, ताकि संकट की घड़ी में उन्हें तत्काल राहत मिल सके। इसके साथ ही किसी भी जर्जर भवन में स्कूल, आंगनबाड़ी न लगाये। यदि कोई भवन जर्जर हो तो उस स्कूल, आंगनबाड़ी को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाये।
मूंग पंजीयन का सत्यापन और केन्द्रों में आवश्यक व्यवस्था के निर्देश
कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि समर्थन मूल्य पर मूंग उपार्जन के लिए किसानों के पंजीयन का सत्यापन समय-सीमा में पूरी गंभीरता और पारदर्शिता के साथ किया जाए। पात्र किसानों का पंजीयन सुनिश्चित करने के लिए सत्यापन कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। कलेक्टर ने उपार्जन केंद्रों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय रहते सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि किसानों को उपज विक्रय के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए केंद्रों पर पेयजल, छाया, बैठने की व्यवस्था, पर्याप्त तौल कांटे, बारदाना तथा अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध रहें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को समन्वय के साथ कार्य करते हुए उपार्जन प्रक्रिया को सुचारू, पारदर्शी एवं व्यवस्थित ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।

