कोरबा। फर्जी लोन दिलाने का झांसा देकर लोगों से लाखों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह के खिलाफ कोरबा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक महिला कर्मचारी को गिरफ्तार किया है। “सजग कोरबा, सतर्क कोरबा” अभियान के तहत चौकी सीएसईबी, थाना सिविल लाइन रामपुर में दर्ज अपराध क्रमांक 643/2026 की जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी प्रियंका कलसे (22 वर्ष) निवासी प्रताप नगर, दर्री को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार गिरोह कम ब्याज पर लोन दिलाने का झांसा देकर लोगों से प्रोसेसिंग फीस और अन्य शुल्क के नाम पर रकम वसूलता था, लेकिन न तो लोन उपलब्ध कराया जाता था और न ही जमा राशि लौटाई जाती थी।
जांच के दौरान पुलिस ने बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, डिजिटल साक्ष्यों और अन्य दस्तावेजों की गहन पड़ताल कर महत्वपूर्ण प्रमाण जुटाए हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि ठगी की राशि विभिन्न बैंक खातों के माध्यम से जमा कराई जाती थी। पुलिस अब बैंक लेन-देन, डिजिटल उपकरणों और वित्तीय रिकॉर्ड का तकनीकी विश्लेषण कर गिरोह के पूरे नेटवर्क का पता लगाने में जुटी है। मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश भी तेज कर दी गई है और आने वाले दिनों में कई अहम खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
कोरबा पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी संस्था या व्यक्ति द्वारा कम ब्याज पर लोन दिलाने के नाम पर मांगी जाने वाली अग्रिम राशि या प्रोसेसिंग फीस जमा करने से पहले उसकी वैधता की पूरी जांच अवश्य करें। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आर्थिक अपराधों पर सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी और ऐसे गिरोहों के खिलाफ अभियान आगे भी इसी तरह जारी रहेगा।

