
उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों की सुरक्षा और कानून व्यवस्था के प्रति उनका विश्वास बनाए रखना पुलिस का पहला कर्तव्य है। पीड़ित व्यक्तियों के साथ विनम्र व्यवहार और उनके हितों की सुरक्षा के लिए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। सिंहस्थ-2028 जैसे विराट आयोजन में मध्यप्रदेश पुलिस सेवा, सतर्कता और समर्पण का ऐसा उदाहरण प्रस्तुत करे, जो देश-दुनिया के लिए आदर्श बने। साथ ही साइबर अपराधों की रोकथाम, सड़क सुरक्षा, मानव तस्करी पर नियंत्रण तथा महिला एवं बाल सुरक्षा के लिए प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जाए।
