कोरबा। औद्योगिक सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को मजबूत करते हुए बालको ने बुधवार को जामबहार गांव स्थित ऐश डाइक-2 में व्यापक आपातकालीन मॉक ड्रिल आयोजित की। अभ्यास के दौरान भारी बारिश और बादल फटने जैसी काल्पनिक स्थिति बनाकर डाइक के ऊपर से पानी बहने एवं क्षतिग्रस्त होने का परिदृश्य तैयार किया गया। सूचना मिलते ही आपातकालीन सायरन बजाया गया और साइट इमरजेंसी प्लान के तहत राहत एवं बचाव अभियान तत्काल शुरू कर दिया गया। बचाव दलों ने प्रभावित क्षेत्र की घेराबंदी कर काल्पनिक घायलों को सुरक्षित बाहर निकालते हुए प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया, उपकरणों को सुरक्षित रूप से बंद किया तथा सभी कर्मचारियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाकर स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित कर लिया।
मॉक ड्रिल का अवलोकन प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिस, छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल तथा आसपास के परसाभाठा, रोगबहारी और जामबहार गांवों के प्रतिनिधियों ने किया। बालको के डिप्टी सीईओ (पावर) मंतोष कुमार सिंहा के नेतृत्व में संयंत्र की आपातकालीन नेतृत्व टीम, सुरक्षा, पर्यावरण, चिकित्सा एवं सिक्योरिटी विभागों ने समन्वित रूप से अभ्यास का सफल संचालन किया। बालको प्रबंधन ने बताया कि इस तरह के नियमित मॉक ड्रिल का उद्देश्य कर्मचारियों, व्यावसायिक साझेदारों और संबंधित एजेंसियों की आपदा प्रबंधन क्षमता को मजबूत करना तथा किसी भी संभावित आपातकालीन स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना है।

